उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चुनार किले को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने इस ऐतिहासिक स्थल को भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ते हुए इसके संरक्षण और सौंदर्यीकरण पर जोर दिया।
उज्जैन और काशी से जुड़ी विरासत
मुख्यमंत्री ने कहा कि सम्राट विक्रमादित्य की कर्मस्थली उज्जैन रही है, वहीं संत भर्तृहरि की साधनास्थली काशी के गंगा तट पर स्थित है। इस ऐतिहासिक जुड़ाव को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार विरासत स्थलों के विकास पर काम कर रही है।
चुनार किले का हो रहा सौंदर्यीकरण
योगी आदित्यनाथ ने बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चुनार किले के संरक्षण और सौंदर्यीकरण का कार्य लगातार किया जा रहा है, जिससे यह स्थल पर्यटन और इतिहास दोनों के लिहाज से और महत्वपूर्ण बन सके।
ट्वीट में देखें पूरा बयान
सम्राट विक्रमादित्य की कर्मस्थली जहां उज्जैन रही है, वहीं संत भर्तृहरि की साधनास्थली काशी के गंगा तट पर स्थित है।
— Government of UP (@UPGovt) April 4, 2026
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चुनार किले के सौंदर्यीकरण एवं संरक्षण का कार्य किया जा रहा है।
— मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी pic.twitter.com/377GEeK8ja
सरकार के इस कदम को प्रदेश में पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहर को बढ़ावा देने की दिशा में अहम माना जा रहा है।